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सिलाई मशीन से पूजा रानी ने सिले सपने, हर महीने कमा रहीं 15 से 20 हजार रुपये
लोहाघाट की पूजा रानी ने स्वयं सहायता समूह और रीप परियोजना के सहयोग से शुरू किया सिलाई उद्यम, आत्मनिर्भरता की बनीं मिसाल
चम्पावत, 24 अक्टूबर। मेहनत, लगन और दृढ़ संकल्प के दम पर मुश्किल परिस्थितियों को अवसर में बदलने वाली लोहाघाट की पूजा रानी आज आत्मनिर्भरता की नई कहानी लिख रही हैं। कभी परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत करने का सपना देखने वाली पूजा अब सिलाई उद्यम के माध्यम से हर महीने 15 से 20 हजार रुपये तक की आय अर्जित कर रही हैं।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में महिला स्वयं सहायता समूहों को सशक्त बनाने और ग्रामीण क्षेत्रों में स्वरोजगार को बढ़ावा देने के प्रयासों के बीच पूजा रानी की यह सफलता महिलाओं के लिए प्रेरणादायक उदाहरण है।
पूजा रानी के सपनों को नई दिशा तब मिली, जब वह ‘जय गंगनाथ स्वयं सहायता समूह’ से जुड़ीं। समूह के माध्यम से उन्हें राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं और ग्रामीण उद्यम वेग वृद्धि परियोजना (रीप) की जानकारी मिली। इसके बाद उन्होंने गांव में ही सिलाई मशीन आधारित अपना उद्यम शुरू करने का निर्णय लिया।
तीन लाख रुपये से शुरू किया कारोबार
सिलाई उद्यम स्थापित करने के लिए पूजा रानी को कुल तीन लाख रुपये की आवश्यकता थी। इसके लिए उन्होंने स्वयं 75 हजार रुपये का अंशदान जुटाया। रीप परियोजना के सहयोग और वित्तीय समावेशन मॉडल के तहत उन्हें डेढ़ लाख रुपये का बैंक ऋण मिला, जबकि शेष 75 हजार रुपये की सहायता परियोजना के माध्यम से उपलब्ध कराई गई।
आर्थिक संसाधन जुटने के बाद पूजा रानी ने सिलाई का काम शुरू किया। बेहतर कार्यकुशलता, डिजाइनिंग और ग्राहकों के प्रति सकारात्मक व्यवहार के चलते उनका उद्यम धीरे-धीरे क्षेत्र में पहचान बनाने लगा।
सिलाई के साथ मेकअप कार्य से भी बढ़ाई आय
आज पूजा रानी का सिलाई उद्यम उनके परिवार की आर्थिक मजबूती का आधार बन चुका है। वह हर महीने 15 से 20 हजार रुपये तक की आय अर्जित कर रही हैं। इसके साथ ही पार्ट टाइम मेकअप का काम करके भी अपनी आमदनी बढ़ा रही हैं।
पूजा रानी नियमित रूप से बैंक ऋण की किश्तें चुका रही हैं और अपने परिवार के बेहतर भविष्य के लिए प्रयासरत हैं।
पूजा रानी की कहानी बताती है कि सही मार्गदर्शन, योजनाओं का सहयोग और मेहनत के बल पर ग्रामीण महिलाएं भी अपने गांव में स्वरोजगार स्थापित कर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकती हैं।