🔊
दुर्गम पहाड़ों में शिक्षा की राह आसान बना रहे शिक्षक प्रकाश चन्द्र उपाध्याय सम्मानित
मूक पाठ्यक्रमों के निर्माण में निभाई अहम भूमिका, यूनेस्को ग्लोबल अवार्ड और स्कॉच अवार्ड से सम्मानित शैक्षिक पहल से जुड़े
चंपावत। राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय खूनाबोरा के शिक्षक प्रकाश चन्द्र उपाध्याय को राज्य के मूक (MOOC) पाठ्यक्रमों के निर्माण एवं विकास में विषय विशेषज्ञ के रूप में महत्वपूर्ण योगदान देने पर सम्मानित किया गया। देहरादून में आयोजित समारोह में शिक्षा सचिव ज्योति यादव और निदेशक एआरटी वंदना गबर्याल ने उन्हें सम्मान प्रदान किया।
शैलेश मटियानी राज्य उत्कृष्ट शिक्षक पुरस्कार से सम्मानित उपाध्याय उत्तराखंड के प्रथम, द्वितीय और तृतीय मूक पाठ्यक्रमों के निर्माण में योगदान दे चुके हैं। वर्तमान में वह चौथे पाठ्यक्रम के निर्माण में भी भूमिका निभा रहे हैं। राज्य की इस शैक्षिक पहल को यूनेस्को ग्लोबल अवार्ड और स्कॉच अवार्ड से सम्मानित किया जा चुका है।
उपाध्याय ने कहा कि डिजिटल माध्यम से तैयार मूक पाठ्यक्रम दूरस्थ पर्वतीय क्षेत्रों के विद्यार्थियों और शिक्षकों को गुणवत्तापूर्ण शैक्षिक सामग्री उपलब्ध कराने में मददगार होंगे। इससे दुर्गम क्षेत्रों में भी सीखने के अवसर बढ़ेंगे।
उनकी उपलब्धि पर मुख्य शिक्षा अधिकारी मान सिंह, खंड शिक्षा अधिकारी भारत जोशी, उपखंड शिक्षा अधिकारी संजय भट्ट एवं कमल भट्ट, एसएमसी अध्यक्ष भावना देवी, प्रधानाचार्य खीमानंद पाण्डेय और स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने प्रसन्नता व्यक्त की।
फोटो कैप्शन: शिक्षक प्रकाश चन्द्र उपाध्याय को सम्मानित करतीं निदेशक एआरटी वंदना गबर्याल।