🔊
चुनाव-2027 की तैयारी: 12 नवंबर को प्रकाशित होगी आलेख्य मतदाता सूची
डीएम मनीष कुमार ने राजनीतिक दलों के साथ की बैठक, ईवीएम जांच में सक्रिय भागीदारी का आह्वान
चम्पावत। आगामी विधानसभा सामान्य निर्वाचन–2027 की तैयारियों को लेकर जिलाधिकारी/जिला निर्वाचन अधिकारी मनीष कुमार की अध्यक्षता में मंगलवार को मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक हुई। बैठक में ईवीएम-वीवीपीएटी की प्रथम स्तरीय जांच (एफएलसी), मतदान स्थलों के युक्तिकरण व पुनर्व्यवस्थापन तथा फोटोयुक्त मतदाता सूची के विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण कार्यक्रम की विस्तृत जानकारी दी गई।
जिलाधिकारी ने बताया कि जनपद की 54–लोहाघाट और 55–चम्पावत विधानसभा सीटों पर तैयारियां निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुसार चल रही हैं। उन्होंने दलों के प्रतिनिधियों से एफएलसी प्रक्रिया में सक्रिय रूप से भाग लेने और मशीनों की जांच को समझने का आह्वान किया। ईवीएम-वीवीपीएटी को लेकर किसी भी शंका का समाधान ईसीआईएल के अधिकृत इंजीनियरों से किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि दलों की सहभागिता से चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता और विश्वास मजबूत होगा।
मतदान स्थलों के युक्तिकरण पर जिलाधिकारी ने बताया कि मतदान स्थल में बदलाव, नाम संशोधन या स्थान परिवर्तन के प्रस्तावों की प्रक्रिया से दलों को अवगत करा दिया गया है। उपजिलाधिकारियों ने भी अपनी तहसीलों में इसकी जानकारी दी है। यह कार्य 2 नवंबर 2026 तक पूरा किया जाना है।
पुनरीक्षण कार्यक्रम के तहत एकीकृत आलेख्य मतदाता सूची का प्रकाशन 12 नवंबर 2026 को होगा। 12 नवंबर से 11 दिसंबर तक दावे और आपत्तियां दी जा सकेंगी, जिनका निस्तारण 28 दिसंबर तक होगा। मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन 4 जनवरी 2027 को किया जाएगा।
जिलाधिकारी ने बताया कि 1 जनवरी 2027 की अर्हता तिथि के आधार पर पात्र मतदाताओं का पंजीकरण होगा। साथ ही 1 अप्रैल, 1 जुलाई और 1 अक्टूबर 2027 की अर्हता तिथियों के लिए अग्रिम आवेदन भी लिए जाएंगे, ताकि छूटे हुए नागरिक, युवा और पहली बार के मतदाता आसानी से जुड़ सकें। उन्होंने दलों से पात्र नागरिकों के नाम सूची में जुड़वाने और कार्यक्रम का व्यापक प्रचार करने में सहयोग की अपील की।
बैठक में भाजपा से रोहित बिष्ट, कांग्रेस से श्याम सिंह कार्की, बसपा से अजय तथा सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी डी.एस. अधिकारी उपस्थित रहे। सभी उपजिलाधिकारी वर्चुअल माध्यम से जुड़े।