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उत्तराखंड में 40 स्थानों पर लगेंगी भू-तापीय ऊर्जा परियोजनाएं, कैबिनेट ने नीति को दी मंजूरी राज्य को मिलेगा वैकल्पिक ऊर्जा स्रोत, बदरीनाथ और तपोवन से होगी शुरुआत
देहरादून, जुलाई 2025 –
उत्तराखंड में भू-तापीय ऊर्जा (जियोथर्मल एनर्जी) के क्षेत्र में बड़ा कदम उठाते हुए राज्य सरकार ने उत्तराखंड भू-तापीय ऊर्जा नीति 2025 को मंजूरी दे दी है। इस नीति के तहत राज्य के विभिन्न क्षेत्रों में 40 भू-तापीय स्थलों पर बिजली उत्पादन परियोजनाएं स्थापित की जाएंगी, जिनका आवंटन 30 वर्षों के लिए किया जाएगा।
राज्य सरकार की इस ऐतिहासिक पहल के बाद उत्तराखंड में पहली बार गरम पानी और धरती की अंदरूनी ऊर्जा से बिजली उत्पादन की राह खुल गई है। नीति के तहत इन परियोजनाओं को उद्योग का दर्जा दिया गया है और इनके विकास के लिए एकल खिड़की व्यवस्था लागू की जाएगी।
बदरीनाथ और तपोवन में हुई थी शुरुआत
भू-तापीय ऊर्जा के क्षेत्र में अग्रणी माने जाने वाले आइसलैंड के वैज्ञानिकों की टीम ने उत्तराखंड के चमोली जिले में बदरीनाथ और तपोवन क्षेत्र में भू-तापीय ऊर्जा की संभावनाओं का गहन अध्ययन किया था। इसके बाद राज्य सरकार ने नीति तैयार कर भू-तापीय संसाधनों के पहचान, विकास और बिजली उत्पादन के लिए औपचारिक रूप से योजना को मंजूरी दी।
परियोजना आवंटन की प्रक्रिया
नीति के अनुसार पहले से चिह्नित स्थलों को नामांकन के आधार पर केंद्रीय उपक्रमों (जैसे ONGC), राज्य उपक्रमों (जैसे UJVNL) और निविदा के माध्यम से निजी विकासकर्ताओं को आवंटित किया जाएगा। जिन विकासकर्ताओं द्वारा नए स्थल चिह्नित किए जाएंगे, उन्हें तीन करोड़ रुपये तक की 50% वित्तीय सहायता राज्य सरकार की ओर से प्रदान की जाएगी।
राज्य को मिलेगी वित्तीय मदद, रॉयल्टी बिजली नहीं
यदि केंद्र सरकार से वित्तीय सहायता प्राप्त नहीं होती है, तो राज्य सरकार प्रारंभिक दो परियोजनाओं को शत-प्रतिशत सहायता देगी। केंद्रीय उपक्रमों को इस स्थिति में 50 प्रतिशत सहयोग मिलेगा। हालांकि इन परियोजनाओं से राज्य को निशुल्क बिजली नहीं मिलेगी, लेकिन इससे कार्बन उत्सर्जन में कमी, ग्रीनहाउस हीटिंग, बागवानी उत्पादों को सुखाने, कोल्ड स्टोरेज, और भू-तापीय पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा।
पर्यावरणीय स्वीकृति एवं निगरानी
भू-तापीय ऊर्जा परियोजनाओं की पर्यावरणीय स्वीकृति का जिम्मा उत्तराखंड प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को सौंपा गया है, जो परियोजना की श्रेणी का निर्धारण और स्वीकृति देगा।